ब्रेकिंग न्यूज़
मोतिहारी के कई पुलिस पदाधिकारी इधर से उधर, छतौनी के नये एसएचओ विजय प्रसाद राय व नगर थानाध्यक्ष बने विजय प्रसाद राय,जबकि मधुबन एसएचओ पर हुई कार्यवाईमोतिहारी के कई पुलिस पदाधिकारी इधर से उधर, छतौनी के नये एसएचओ विजय प्रसाद राय व नगर थानाध्यक्ष बने विजय प्रसाद राय,जबकि मधुबन एसएचओ पर हुई कार्यवाईसमस्तीपुर : भीषण सड़क हादसे में बस व बोलेरो की हुई टक्कर, बिथान की चार छात्राओं की मौत, दर्जन भर जख्मीसमस्तीपुर: हर ब्लॉक के अस्पताल में होगी एईएस व जेई के इलाज की व्यवस्थाप्रधानमंत्री ने आईआईटी खड़गपुर के 66वें दीक्षांत समारोह को किया संबोधितविस्‍तृत आर्थिक सहयोग और साझेदारी समझौते पर भारत और मारीशस ने किये हस्‍ताक्षरमोतिहारी पुलिस ने बंजरिया ब्लॉक परिसर से तीन को आर्म्स के साथ दबोचा, सीएसपी संचालक से 4 लाख की लूट का आरोपीइंजीनिरिंग व मेडिकल की तैयारी के लिए मोतिहारी STC के सुबोध सर शुरू कर रहे कई एक्टपर्ट शिक्षकों के साथ ऑन लाइन फ्री क्लासेस
झारखंड
चाल धसने से महिला की मौत
By Deshwani | Publish Date: 24/3/2017 4:22:35 PM
चाल धसने से महिला की मौत

गोड्डा, (हि.स)। राजमहल परियोजना ललघुटवा के पास खाली छोड़े गये खदान में कोयला निकालने के क्रम में गुरुवार को चाल धसने से ललघुटवा गांव निवासी सुबिदा खातून की मौत हो गयी, जबकि एक अन्य महिला घायल हो गयी। हर दिन की तरह खदान में सुबिदा अपने मामा लाल मोहम्मद अंसारी के साथ कोयला निकालने के लिए खान में घुसी थी। खुदाई के क्रम में उसने देखा कि कोयला के ऊपर की मिट्टी दरक रही है, उसने अपने मामा से कहा की मिट्टी दरक रही है जो गिर सकती है पर मामा ने कहा कि कुछ नहीं होगा।

 लेकिन चाल धसने से सुबिदा गंभीर रूप से घायल हो गयी। उसके पैर और सर में गंभीर चोटें आई थी। घटना के बाद उसे महागामा रेफरल अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गयी। दूसरी महिला का इलाज अस्पताल में किया जा रहा है। उसे मामूली चोट आयी हैं। गौरतलब है कि लगभग 4 वर्ष पूर्व इस क्षेत्र में कोयला खुदाई के लिए खदान बनाया गया था। कोयला निकालने के बाद उसे खुला ही छोड़ दिया गया। जिसमें आए दिन लोगों की जाने जा रही है। घटना की सूचना मिलने पर ललमटिया थाना प्रभारी मनोहर करमाली सदल-बल घटनास्थल पर पहुंचे और दोनों घायलों को महागामा अस्पताल भेजा गया। 
घटना से आक्रोशित लोगों ने घटना के लिए राजमहल परियोजना प्रबंधन एवं प्रशासन को जिम्मेवार बताया है। लोगों ने इस संबंध में लिखित आवेदन भी ललमटिया थाने एवं अनुमंडल अधिकारी को प्रेषित किया है। लोगों का कहना है कि ससमय खदान को यदि बंद कर दिया जाता तो इस प्रकार की घटना नहीं होती। लोगों ने कहा कि यदि जल्द ही खदान को बंद नहीं कराया गया तो लोग उग्र प्रदर्शन करेंगे और भविष्य में होने वाली घटनाओं के लिए सीधे-सीधे परियोजना जिम्मेदार होगा। इधर प्रशासन ने इसे अवैध कोयला खनन बताते हुए कारवाई की बात कही है।
image
COPYRIGHT @ 2016 DESHWANI. ALL RIGHT RESERVED.DESIGN & DEVELOPED BY: 4C PLUS