ब्रेकिंग न्यूज़
समस्तीपुर : लद्दाख में शहीद अमन की विधवा को मिली नौकरी, डीएम ने दिया नियुक्ति पत्रसमस्तीपुर : समस्तीपुर में कोरोना से युवा व्यवसायी की मौत, छह लोगों की हो चुकी है अबतक मौतमोतिहारी की छतौनी पुलिस ने लकड़ी लदे ट्रक में छुपाकर रखी भारी मात्रा में शराब जब्त की, 6 गिरफ्तार, झखिया में देनी थी डिलेवरीमोतिहारी के कल्याणपुर में पूर्व प्रमुख के पति की रड व चाकू से गोदकर हत्या, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रकाश अस्थाना के छोटे भाई जेपी अस्थाना भी गंभीर घायलसमस्तीपुर: आपसी विवाद में चली गोली से महिला सहित दो जख्मी, गंभीर स्थिति में रेफरअभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत की सीबीआई जांच की मांग को लेकर राज्‍यभर में हुआ प्रदर्शनमोतिहारी में एनएच 28 पर जय माता दी बस की चपेट में आए दो लोग, वाटगंज के मेडिकल प्रैक्टिसनर व भतीजे की मौत, बारिश में छतरी लगाकर राजमार्ग जाममोतिहारी के मधुबन में बारात में चली गोली, गोढ़वा के युवक की मौत, आर्म्स के साथ एक गिरफ्तार
बिहार
समस्तीपुर स्टेशन पर भूखे प्यासे प्रवासियों ने किया हंगामा
By Deshwani | Publish Date: 21/5/2020 6:46:24 PM
समस्तीपुर स्टेशन पर भूखे प्यासे प्रवासियों ने किया हंगामा

समस्तीपुर उमेश काश्यप। कोविड-19 जैसे खतरनाक महामारी को लेकर देश में लॉक डाउन का चौथा चरण जारी है। लॉक डाउन  के बीच लाखों की संख्या में प्रवासियों के आने का सिलसिला भी जारी है। देश के अलग अलग हिस्सो से प्रवासी ट्रेन से लौट रहे हैं। 

 
 
 
स्टेशन से उन प्रवासियों को उनके गांव तक पहुंचाने और उन्हें भोजन, पानी उपलब्ध कराने का  सरकार के तरफ से दावा किया जा रहा है। लेकिन  हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। आज समस्तीपुर रेलवे स्टेशन पर  विभिन्न प्रदेशों से अलग-अलग ट्रेनों से आए प्रवासी मजदूरों ने कुव्यवस्था को लेेकर जमकर हंगामा किया। यहां प्रशासन की तरफ से उन्हें  सिर्फ सुखा चूड़ा ही उपलब्ध कराया गया। 
 
 

 
वही प्रवासी पानी के लिए तरसते रहे। स्टेशन से उन्हें घर भेजने के लिए  वाहन की व्यवस्था भी नहीं की गई थी। जिसके बाद प्रवासी मजदूरों का आक्रोश भड़क गया। कुछ मजदूर भोजन और पानी के लिए स्टेशन से निकल बाजार में चले गए। इन प्रवासी मजदूरों का कहना था कि दूसरे प्रदेशों से लौटने के दौरान वहां की सरकार के द्वारा उन्हें भोजन और पानी उपलब्ध कराया गया लेकिन यहां अपने ही प्रदेश में उन्हें कोई सुविधा मुहैया नहीं कराई गई। 
 
 
 
 
उन्हें  भोजन भी फेंक कर दिया गया। जिसको लेकर वहां अफरा तफरी का माहौल  बन गया। इन मजदूरों का कहना था कि वह कोरोना से मरे या न मरे लेकिन भूख और प्यास से वह जरूर मर जाएंगे।
image
COPYRIGHT @ 2016 DESHWANI. ALL RIGHT RESERVED.DESIGN & DEVELOPED BY: 4C PLUS